एक दिन बादशाह ने बीरबल से पूछा, पान सड़े, घोड़े अड़े, विद्या बिसर जाए, अंगारों पर रोटी जले, बताओ कोई उपाय, अर्थात पान क्यों सड़ता है, घोडा क्यों अड़ता है, विद्या कैसे लोप हो जाती है, अंगारे पर रोटी क्यों जलती है ?

इसका उत्तर सिर्फ तीन शब्दों में बताओ । बीरबल तुरन्त उत्तर दिया, फेरा नहीं था । बादशाह, साफ-साफ बताओं ।

बीरबल बोले, जहाँपनाह ! पान न फेरने से सड़ जाता है । घोड़ा फेरे बिना अड़ियल हो जाता है । बिना दोहराए विद्या लॉप हो जाती है । अंगारों पर फेरे बिना रोटी जलकर राख हो जाती है ।

एक दिन बादशाह ने बीरबल से पूछा, पान सड़े, घोड़े अड़े, विद्या बिसर जाए, अंगारों पर रोटी जले, बताओ कोई उपाय, अर्थात पान क्यों सड़ता है, घोडा क्यों अड़ता है, विद्या कैसे लोप हो जाती है, अंगारे पर रोटी क्यों जलती है ? इसका उत्तर सिर्फ तीन शब्दों में बताओ । बीरबल तुरन्त उत्तर दिया, फेरा नहीं था । बादशाह, साफ-साफ बताओं । बीरबल बोले, जहाँपनाह ! पान न फेरने से सड़ जाता है । घोड़ा फेरे बिना अड़ियल हो जाता है । बिना दोहराए विद्या लॉप हो जाती है । अंगारों पर फेरे बिना रोटी जलकर राख हो जाती है ।
Like
1
0 Комментарии 0 Поделились 439 Просмотры 0 предпросмотр
Опубликовать
Talkfever - Growing worldwide https://talkfever.com